सच, विज्ञान, भ्रम और स्वास्थ्य की वास्तविकताभूमिकाभारत और दक्षिण एशिया में सरसों का तेल केवल खाना पकाने का माध्यम नहीं, बल्कि परंपरा, गर्माहट और ताकत का प्रतीक भी माना जाता है। एक आम धारणा है—“रोज़ एक चम्मच 100% शुद्ध सरसों का तेल खाने से पुरुषों की शक्ति बढ़ती है।”यहाँ “शक्ति” से लोग आमतौर पर समझते हैं—शारीरिक ताकतस्टैमिनायौन क्षमताऊर्जा और आत्मविश्वासलेकिन सवाल यह है—क्या यह दावा वैज्ञानिक रूप से सही है, आंशिक रूप से सही है, या सिर्फ़ एक भ्रम?“पुरुषों की शक्ति” का असली अर्थ क्या है?
सच, विज्ञान, भ्रम और स्वास्थ्य की वास्तविकता भूमिका भारत और दक्षिण एशिया में सरसों का तेल केवल खाना पकाने का माध्यम नहीं, बल्कि परंपरा, गर्माहट और ताकत का प्रतीक भी माना जाता है। एक आम धारणा है— “रोज़ एक चम्मच 100% शुद्ध सरसों का तेल खाने से पुरुषों की शक्ति बढ़ती है।” यहाँ “शक्ति” से लोग आमतौर पर समझते हैं— शारीरिक ताकत स्टैमिना यौन क्षमता ऊर्जा और आत्मविश्वास लेकिन सवाल यह है—क्या यह दावा वैज्ञानिक रूप से सही है, आंशिक रूप से सही है, या सिर्फ़ एक भ्रम? “पुरुषों की शक्ति” का असली अर्थ क्या है? “पुरुषों की शक्ति” कोई मेडिकल शब्द नहीं है। आम बोलचाल में इसका मतलब होता है— शारीरिक कार्यक्षमता लंबे समय तक काम करने की क्षमता यौन इच्छा और प्रदर्शन रक्त संचार हार्मोन का संतुलन कोई भी एक अकेला खाद्य पदार्थ इन सभी चीज़ों को अचानक नहीं बढ़ा सकता। हाँ, कुछ पोषक तत्व शरीर को सहयोग ज़रूर दे सकते हैं। शुद्ध सरसों के तेल का पोषण प्रोफ़ाइल 100% खाद्य-ग्रेड शुद्ध सरसों के तेल में पाए जाते हैं— मोनो-अनसैचुरेटेड फैट ओमेगा-3 और ओमेगा-6 फैटी एसिड विटामिन E प्राकृतिक एंटीऑक्सीडेंट एलाइल आइसोथायो...